Thinker Pushpindra Singh Sarthi
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| Gender | Male |
|---|---|
| Industry | Non-Profit |
| Occupation | Social Worker |
| Location | Aligarh, Uttar Pradesh, India |
| Introduction | मानवता से बडा कोई धर्म नही मनुष्य ही धर्म का निर्माणकर्ता है। प्रकृति ने मनुष्य को जानवर की तरह बनाया है और जानवरो के सभी गुण दिए लेकिन प्रकृति ने मनुष्य को एक अनोखी चीज विरासत मे दी जो है विवेकीय शक्ति । जिस मनुष्य ने विवेकीय शक्ति का प्रयोग किया उसने इस दुनिया मे मानवता का पाठ पढाया और जानवरो की टोली से मनुष्य की टोली को अलग किया। DONATE PUSHPENDRA SINGH A/C 3072101007225 IFSC CNRB0003072 CANARA BANK ALIGARH Paytm/Googlepay/Phonepay 7017024059 Thankyou |
| Favorite movies | फ़िल्म कहानिया ये सब मनुष्य के सीखने के साधन है "पशुओ को विद्धान नही बनाया जा सकता लेकिन मूर्खो को ज्ञानी बनाया जा सकता है" ज्ञान और मृत्यु से बडा कोई सुख नही है । |
| Favorite music | कान दुश्मन जुबान दोस्त है लोग अच्छा सुनना नही चाहते लोग अच्छा बोलना नही चाहते मानता हु कि कानो से सुनी बात हमेशा सच नही होता लेकिन कुछ नया सीख सकते है । |
| Favorite books | जो आँखो से दिखाई दे वही आपके जीवन की सबसे महत्वपूर्ण किताब है और किताब आपके मस्तिष्क को कसरत कराती है जिससे कि आपकी बुद्धि मे विवेकीय शक्ति उत्पन्न हो सके |

