BRAHMA NATH TRIPATHI
My blogs
| Gender | Male |
|---|---|
| Industry | Education |
| Occupation | STUDY |
| Location | NOIDA, UP, India |
| Introduction | आखिर क्यों , आखिर क्यों जलते रहना अपने उम्मीदों की आग में, आखिर क्यों ये सोचना की हम मजबूर है ज़िन्दगी के हाथो, अपनों के हाथो, आखिर क्यों ये सोचना की ज़िन्दगी जैसी चलती है चलने दो क्या हमारे दिल में कोई ख्वाब नहीं पलता, क्या हमारे कुछ अरमां नहीं होते, आखिर क्यों मिटा देना उन ख्वाबो को, आखिर क्यों जला देना इन अरमां को, क्या हमें इतना भी हक़ नहीं है कि हम अपनी ज़िन्दगी जी सके. आखिर क्यों हम बंधन में है.आखिर क्यों हम मजबूर है यूँ अपनी ज़िन्दगी जीने को खोज रहा हूँ इन सवालो के जवाब, फिर दूर पहुँच जाता हूँ अपने वर्तमान से अपने अतीत में, भविष्य हमने देखा नहीं है वहां हम पहुँच नहीं सकते लेकिन, भविष्य से आगे जो हमारी नज़रे पहुँच चुकी है. क्या हम बंद कर ले उन नजरो को, क्या हम मिटा दे अपनी ख्वाहिशो को, क्या हम छोड़ दे अपने आपको अपनी हालत पर, क्या हम मिटा दे अपने आपको, क्या हम जल जाये इस आग में लेकिन, इसके बाद भी ज़हन में इक सवाल उठता है आखिर क्यों मैं ब्रह्मनाथ त्रिपाठी अपने इन्ही सवालो के जवाब में डूबा कुछ न कुछ लिखता जाता हूँ जो कविताये या ग़ज़ल बन जाती है |
| Interests | POEMS,GAZALS ETC |
| Favorite movies | SARKAAR,AANAND,RANG DE BASANTI |
| Favorite music | GAZALS,PATIORTIC SONGS,OLD MUSIC |
